मातृ स्वास्थ्य एवं परिवार नियोजन जागरूकता रथ को कलेक्टर डॉ. मिश्रा ने दिखाई हरी झंडी

नरसिंहगढ़ और ब्यावरा के गांवों में नुक्कड़ नाटक और चल चित्रों के माध्यम से दूर की जाएंगी भ्रांतियां

राजगढ़ । जिले में मातृ स्वास्थ्य को सुदृढ़ करने और परिवार नियोजन के प्रति ग्रामीणों को जागरूक करने के लिए एक विशेष मुहिम की शुरुआत की गई है। सोमवार को यूएनएफपीए, संयुक्त राष्ट्र जनसंख्या कोष और जिला स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त तत्वावधान में तैयार किए गए 'मातृ स्वास्थ्य एवं परिवार नियोजन जागरूकता रथ' को कलेक्टर डॉ. गिरीश कुमार मिश्रा ने कलेक्ट्रेट परिसर से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह रथ जिले के दूरदराज के ग्रामीण अंचलों में पहुंचकर लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करेगा।

 एलईडी और नुक्कड़ नाटक की टोली संभालेगी मोर्चा

जागरूकता रथ को अत्याधुनिक संसाधनों से लैस किया गया है। रथ में एक बड़ी एलईडी टीवी के साथ साउंड सिस्टम लगाया गया है, जिसके माध्यम से स्वास्थ्य विभाग की जनकल्याणकारी योजनाओं और संदेशों वाले वीडियो दिखाए जाएंगे। इसके अलावा रथ के साथ कलाकारों की एक विशेष नुक्कड़ नाटक टीम भी रवाना की गई है। यह टीम राजगढ़ ब्लॉक के नरसिंहगढ़ और ब्यावरा के विभिन्न गांवों में चौपालों पर जाकर अपनी कला के माध्यम से लोगों का मनोरंजन करते हुए उन्हें जागरूक करेगी।

कलेक्टर डॉ. मिश्रा द्वारा बताया गया कि ग्रामीण क्षेत्रों में आज भी मातृ स्वास्थ्य और परिवार नियोजन को लेकर कई तरह की भ्रांतियां और झिझक है। यह रथ गांवों के अंतिम छोर तक पहुंचकर लोगों की सोच में सकारात्मक बदलाव लाएगा। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं को सुरक्षित मातृत्व का अधिकार दिलाना है। नुक्कड़ नाटक और वीडियो के माध्यम से ग्रामीणों को यह समझाया जाएगा कि गर्भावस्था के दौरान महिलाओं की विशेष देखभाल क्यों जरूरी है। टीम द्वारा समय पर होने वाली प्रसव पूर्व जांचों, संस्थागत प्रसव के फायदे, टीकाकरण और पौष्टिक आहार के बारे में विस्तार से जानकारी दी जाएगी, ताकि मातृ और शिशु मृत्यु दर में कमी लाई जा सके।

 परिवार नियोजन के साधनों और नसबंदी पर दी जाएगी समझाइश

जागरूकता दल गांवों में पुरुषों और महिलाओं दोनों को परिवार नियोजन के आधुनिक साधनों को अपनाने के लिए प्रेरित करेगा। कार्यक्रम के दौरान बच्चों में अंतराल दो बच्चों के जन्म के बीच सुरक्षित अंतर रखने के वैज्ञानिक फायदों को बताया जाएगा। वही स्थाई साधन, नसबंदी ऑपरेशन के प्रति फैली भ्रांतियों को दूर किया जाएगा। अस्थायी साधनों में स्वास्थ्य केंद्रों पर मुफ्त मिलने वाले कंडोम, छाया और अंतरा जैसे साधनों के उपयोग की जानकारी दी जाएगी। इस अवसर पर मुख्‍य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत डॉ. इच्छित गढ़पाले, अपर कलेक्टर श्री प्रताप सिंह चौहान,  अनुविभागीय (राजस्‍व) अधिकारी श्रीमती निधि भारद्वाज सहित डीआईओ डॉ. एल.पी. भकोरिया, डीसीएम श्री सुनील वर्मा, यूएनएफपीए की श्रीमती नेहा पांडे, बीसीएम श्री सैय्यद फिरोज सहित जिला स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे।

रिपोर्टर

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