झाड़-फूंक से बीमारी ठीक करने का झांसा देकर 2,50,000 की ठगी करने वाला शातिर आरोपी गिरफ्तार

पचोर । दिनांक 30.01.2026 को समय लगभग 19:30 बजे, बस स्टैंड पचोर में एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा फरियादी जितेन्द्र सिलावट, पिता नंदू सिलावट, उम्र 44 वर्ष, निवासी इंदौर को झाड़-फूंक से बीमारी ठीक करने का झांसा देकर छल-कपटपूर्वक ₹2,50,000/- नगद एवं एक मोबाइल फोन की धोखाधड़ी की गई।फरियादी की रिपोर्ट पर थाना पचोर में अज्ञात आरोपी के विरुद्ध अपराध क्रमांक 47/2026, धारा 318(4) बीएनएस के अंतर्गत प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।घटना की गंभीरता को दृष्टिगत रखते हुए पुलिस अधीक्षक जिला राजगढ़ श्री अमित तोलानी (भा.पु.से.) के निर्देशन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री के.एल. बंजारे एवं अनुविभागीय अधिकारी पुलिस सारंगपुर श्री अरविंद सिंह के मार्गदर्शन में थाना पचोर पुलिस द्वारा त्वरित एवं प्रभावी कार्यवाही की गई।थाना प्रभारी पचोर निरीक्षक श्रीमती शकुंतला बामनिया के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम द्वारा तकनीकी एवं भौतिक साक्ष्यों के आधार पर आरोपी की पहचान कर उसे इंदौर से पुलिस हिरासत में लिया गया। पूछताछ के दौरान आरोपी द्वारा अपराध स्वीकार किया गया।गिरफ्तार आरोपी  का नाम आनंद पिता का नाम जगदीश दास बेरागी उम्र 42 वर्ष निवासी न्यू कॉलोनी, पैलेस, इंदौर है।आरोपी के कब्जे से ठगी की गई ₹2,50,000/- (ढाई लाख रुपये) नगद राशि शत-प्रतिशत मशरूका के रूप में जप्त की गई।घटना में प्रयुक्त आर्टिगा कार क्रमांक MP09 CY 5317, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग ₹7,00,000/- है, जप्त की गई।इस प्रकार कुल जप्त मशरूका की अनुमानित कीमत लगभग ₹9,50,000/- है।आरोपी बस स्टैंड एवं अन्य सार्वजनिक स्थानों पर अकेले व्यक्तियों को चिन्हित करता था।स्वयं को तांत्रिक बताकर झाड़-फूंक से बीमारी ठीक करने का झांसा देता था।पीड़ित की मानसिक कमजोरी का लाभ उठाकर भय एवं भ्रम की स्थिति उत्पन्न करता था।झाड़-फूंक के नाम पर नगद राशि लेकर मौके से फरार हो जाता था।ठगी की राशि को अपने वाहन में छिपाकर रखता था।

उक्त कार्यवाही में निरीक्षक श्रीमती शकुंतला बामनिया, उप निरीक्षक अशोक कुमार भगत, उप निरीक्षक शिवचरण यादव, सहायक उप निरीक्षक राजेन्द्र बेरागी, प्रधान आरक्षक 336 चेतन सिंह, महिला प्रधान आरक्षक 146 लकी घोषी, महिला आरक्षक 896 माया राजपूत, आरक्षक 995 चेतन दुबे एवं आरक्षक 1039 सुनील गुर्जर, आर. 958 अतुल की सराहनीय भूमिका रही।

तकनीकी टीम

उप निरीक्षक जितेंद्र अजनारे, प्रआर. 252 शशांक यादव, आरक्षक सुमित का विशेष योगदान रहा।

रिपोर्टर

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