भिवंडी-निजामपुर मनपा क्षेत्र में सभी संपत्तियों का होगा जीआईएस सर्वेक्षण - बालकृष्ण क्षीर सागर (उपायुक्त - कर)

भिवंडी।  भिवंडी-निजामपुर शहर महानगरपालिका प्रशासन ने शहर क्षेत्र की सभी संपत्तियों का नया सर्वेक्षण कराने का निर्णय लिया है। इस महत्वपूर्ण कदम का उद्देश्य संपत्तियों की जानकारी को अद्यतन करना, अवैध निर्माणों की पहचान करना और संपत्ति कर प्रणाली को और पारदर्शी बनाना है। इस सर्वेक्षण में अत्याधुनिक ड्रोन और संबंधित तकनीकों की सहायता से जिओ रेफरेंसिंग और जिओ सिक्वेंसिंग की जाएगी। इसके तहत हर संपत्ति का लोकेशन डिजिटल नक्शे पर दर्ज किया जाएगा और उसे एक विशिष्ट क्रमांक दिया जाएगा। साथ ही संपत्तियों की आंतरिक माप व संरचना, उपयोग, क्षेत्रफल, निर्माण अनुमति और इमारत की तस्वीरें भी रिकॉर्ड की जाएंगी। महानगरपालिका क्षेत्र में पिछले कुछ वर्षों में कई अवैध एवं बिना अनुमति के निर्माण कार्य हुए हैं, जिनकी जानकारी इस सर्वेक्षण के जरिए सामने लाई जाएगी। इससे नगर प्रशासन को कर प्रणाली को दुरुस्त करने और करदाताओं से मिलने वाली आय में बढ़ोतरी करने में मदद मिलेगी।इस सर्वेक्षण कार्य को म.सी.ई. इंफो सिस्टम्स प्रा.लि. के सहयोगी रिप्लिट इंडिया सॉल्यूशन्स प्रा.लि., नई दिल्ली द्वारा किया जाएगा। उनके अधिकृत प्रतिनिधि पहचान-पत्र के साथ आपके घर पर आएंगे। भिवंडी-निजामपुर मनपा प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे सर्वेक्षण दल को आवश्यक जानकारी, दस्तावेज और आंतरिक माप लेने में पूर्ण सहयोग करें।

प्रशासन का मानना है कि इस सर्वेक्षण से संपत्ति कर की गणना में पारदर्शिता आएगी और नागरिकों को यह सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी कि उनसे कर सही क्षेत्रफल के आधार पर लिया जा रहा है। महानगरपालिका ने स्पष्ट किया है कि सर्वेक्षण के दौरान नागरिकों और उनकी संपत्तियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी। नागरिक यदि किसी प्रकार की शंका या सुझाव देना चाहते हैं तो वे asmtd.bncmc@gmail.com पर ई-मेल कर सकते हैं। उपायुक्त (कर) श्री बाळकृष्ण क्षिरसागर ने सभी भिवंडीवासियों से अपील की है कि वे इस सर्वेक्षण अभियान में सक्रिय सहयोग दें और शहर के सुनियोजित विकास में भागीदार बनें।

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