विरोध के लोकतांत्रिक अधिकार पर हमले के विरुद्ध देशव्यापी छात्र आंदोलन का लोक संघर्ष मोर्चा ने किया समर्थन


रोहतास।सोमवार को लोक संघर्ष मोर्चा, सासाराम-रोहतास की एक आपात बैठक हसन शाह सूरी मकबरा परिसर में सुबह 9, बजे आयोजित की गई। बैठक में उच्च शिक्षा व्यवस्था में व्याप्त अव्यवस्था, शिक्षा के केंद्रीकरण, निजीकरण एवं व्यावसायीकरण का विरोध करते हुए केंद्र सरकार से जवाबदेही तय करने तथा केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की गई।


मोर्चा के संस्थापक सुनील कुमार वर्मा ने कहा कि पिछले 29 दिनों से छात्र एवं सामाजिक कार्यकर्ता जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण धरना देकर उच्च शिक्षा में व्याप्त भ्रष्टाचार और अव्यवस्था के लिए केंद्र सरकार से जवाबदेही की मांग कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षा के केंद्रीकरण, निजीकरण और व्यावसायीकरण की नीतियों ने छात्रों एवं उनके अभिभावकों पर भारी मानसिक एवं आर्थिक बोझ डाल दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि परीक्षा व्यवस्था में लगातार सामने आ रही अनियमितताओं ने लाखों छात्रों के भविष्य को संकट में डाल दिया है। उन्होंने यह भी कहा कि इन परिस्थितियों से हतोत्साहित होकर लगभग 20 छात्रों ने अपनी जान गंवा दी है। उन्होंने सरकार से शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता, निष्पक्षता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग की।


मोर्चा के अध्यक्ष पप्पू कुमार सोनी ने कहा कि पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक सहित आंदोलनकारी लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण आंदोलन कर रहे हैं, लेकिन केंद्र सरकार ने अब तक उनसे सार्थक संवाद स्थापित करने का प्रयास नहीं किया। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में जनता की आवाज सुनना सरकार का दायित्व है। उन्होंने जंतर-मंतर से प्रस्तावित शांतिपूर्ण संसद मार्च का समर्थन करते हुए कहा कि लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखना प्रत्येक नागरिक का संवैधानिक अधिकार है।


मोर्चा के महासचिव संजय वैश्य 'समाजवादी' ने कहा कि देश के विभिन्न विश्वविद्यालयों के छात्र, शोधार्थी और सामाजिक कार्यकर्ता लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा तथा शिक्षा से जुड़े मुद्दों पर एकजुट होकर आवाज उठा रहे हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी शांतिपूर्ण आंदोलन को बलपूर्वक दबाने के बजाय सरकार को संवाद और संवैधानिक मूल्यों का सम्मान करना चाहिए। लोक संघर्ष मोर्चा देशभर में चल रहे शांतिपूर्ण छात्र आंदोलन तथा लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए किए जा रहे प्रयासों के साथ अपनी एकजुटता व्यक्त करता है।


लोक संघर्ष मोर्चा, सासाराम-रोहतास ने केंद्र सरकार से अपील की कि वह शिक्षा से जुड़े मुद्दों पर गंभीरता से विचार करे, आंदोलनरत छात्रों एवं उनके प्रतिनिधियों से संवाद स्थापित करे तथा नागरिकों के शांतिपूर्ण विरोध और अभिव्यक्ति के संवैधानिक अधिकार का सम्मान सुनिश्चित करे।


बैठक में वरिष्ठ शिक्षक नागेंद्र श्रीवास्तव, शिक्षक सुनील चौधरी, शाहरुख खान, रोबिन केशरी, राजेश कुशवाहा आनन्द जयसवाल धर्मवीर गुप्ता दीपू कुशवाहा, हसन निजामी, दिनेश चौधरी, विजय साहू, मनीष साहू उमाशंकर गुप्ता असफाक निजामी शंकर सोनी मोनू गुप्ता अमर कुशवाहा श्हाबुदीन राइन रास बिहारी सिंह मनोज सिंह बिजय महतो सहित अन्य सदस्य उपस्थित ।

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